नेता

मन कहता नेता बन जाऊ।
पहनू लम्बा कुर्ता टोपी
जोर जोर से मैं चिल्लाऊ।
मन कहता नेता बन जाऊँ
कोई नहीं पूछेगा पढाई
टैक्स नहीं जो होगी कमाई
बी आई पी की कुर्सी पाऊ
मन कहता नेता बन जाऊँ ।
कोई कानून न आडे आये
जो आये संशोधन करवाये
बिना पूँजी धन थोक कमाऊ
मन कहता नेता बन जाऊँ ।
झूठ बोलना सीख ही लूँगा ।
हर काम में कमीशन लूँगा
जिसको तिसको धाक जमाऊ
मन कहता नेता बन जाऊँ ।
वादा मेरा अस्त्र बनेगा
झूठ मेरा धर्म बनेगा
दाग रहे पर बेदाग दिखाऊ
मन कहता नेता बन जाऊँ ।
जनता को बेवकूफ बनाकर
हर बार जीत पा जाऊ
सुख शांति न रहने पाए
जगह जगह दंगा करवाऊ
मन कहता नेता बन जाऊँ ।
घोटाला हो काम हमारा
रैली करना देना नारा।
घोटाले में नीरव माल्या को ध्याऊ
मन कहता नेता बन जाऊँ ।

विन्ध्य प्रकाश मिश्र विप्र

About Vindhya Prakash

विन्ध्य प्रकाश मिश्र विप्र

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