!!

Welcome to Kavya Kosh

This is a retired Kavyakosh forum used as an archive. To access new Kavyakosh.Click here

Author Topic: विरह  (Read 191 times)

Offline Sajan Murarka

  • Hero Member
  • *****
  • Topic Author
  • Posts: 1834
  • Karma: +1/-1
  • Gender: Male
    • my  blog
विरह
« on: April 05, 2015, 02:01:34 PM »
शब्द
स्तब्ध
वेदना
आतुर
जीवन
चलायमान
छन्द
पतन
विरह
मग्न
जीवन
निर्वाहमान
वर्तमान
अतीत
भविष्य
आशंकित
उलझन
जीवन
गतिमान

सजन
में , मेरी तन्हाई, कुछ बीते लम्हे , कागज के कुछ टुकड़े को समेटे दो पंक्तिया . .