!!

Welcome to Kavya Kosh

This is a retired Kavyakosh forum used as an archive. To access new Kavyakosh.Click here

Author Topic: मां  (Read 186 times)

Offline Sajan Murarka

  • Hero Member
  • *****
  • Topic Author
  • Posts: 1834
  • Karma: +1/-1
  • Gender: Male
    • my  blog
मां
« on: April 05, 2015, 02:45:41 PM »
जन्म से कभी जगा नहीं तेरा किये का एहसास
तेरे जाने के बाद जब भी थोड़ा सा लगा आघात
हर वह लम्हा घुमाता नज़र आया आंखों के पास
मां तुम्हारी कमी मिट नहीं सकती वक्त के साथ

सजन
में , मेरी तन्हाई, कुछ बीते लम्हे , कागज के कुछ टुकड़े को समेटे दो पंक्तिया . .