सोचो, समझो और परखो

सोचो, समझो और परखो दिल में कुछ, जबान पर कुछ नज़र आता है l कौन अपना, कौन पराया समझ नहीं पाता हैl कब कौन पीठ में, छूरा घोप दे कुछ नहीं पता l कभी-कभी विश्वास-पात्र भी धोखा दे जाता है ll चंद पलो की मुलाकात से, पहचान नहीं सकते l किसी के दिल में क्या छिपा है जान नहीं सकते ll मन की भवरों को आसानी से यूँ अगर पढ़ पाते l शायद दोस्त कम यहाँ दुश्मन ज्यादा नज़र आते ll रूप -रंग से सुंदरता आक सकते हो  व्यक्तित्व नहीं l बंद जबान से चुप्पी आक सकते हो कडवडाहट नहीं Continue reading सोचो, समझो और परखो

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सोचो ! अगर ये ना होता…

सोचो अगर ये रात ना होती, तो क्या होता l इंसा हर पल दो के चार, में ही लगा होता ll दिल को सुकून, ना दिमाग को आराम होता l इंसा परेशा है जितना और ज्यादा परेशा होताll सोचो अगर ये सूरज ना होता, तो क्या होता l बिन सूरज धरती पर जीवन संभव ना होता ll बिन सूरज पेड़-पौधे अपना भोजन न कर पातेl बिन पेड़-पौधों के फिर हम साँस भी न ले पाते ll सोचो अगर ये पेट ना होता, तो फिर क्या होता l ना कुछ खाना होता ना फिर कुछ कमाना होता ll ना इंसान दिन-रात Continue reading सोचो ! अगर ये ना होता…

दर्द

दर्द दूसरो का दर्द सिर्फ वो ही समझ पाता है l जो उस दर्द से कभी होकर गुजर जाता है ll जो उस दर्द को महसूस ना कर पाया हो l वो क्या खाक दूसरो का दर्द समझ पाता हैll दर्द यूँ हर किसी को बताया नहीं जाता है l बताया जाता है उसे जो दर्द समझ पाता हैll वर्ना आपका दर्द एक मज़ाक बन जायेगा l हल नहीं निकलेगा सिर्फ बवाल बन जायेगा ll अगर ना मिले दर्द सुनने वाला कोई अपना l ईश्वर से कहो मन हो जायेगा हल्का अपना l कम से कम ये बातें आगे नहीं Continue reading दर्द

होली आई रे

होली आई रे रंग बिरंगी लो आई होली l बिखरे चहु ओर रंग हज़ारl प्रेम प्यार का रंग लगाओ l आया फिर होली त्यौहार ll भेदभाव की दीवार गिराके l दुश्मनी भुला दो, मेरे यार l आओ मिलजुल कर खेलेl रंगों भरा होली त्यौहार ll रंगों भरी पिचकारी से हम l धो दे मन के मैल हज़ार l प्रेम प्यार से गले लगाकर l मनाये होली का त्यौहार ll रंग लगाये, ऐसे हम यूँ l ना रूठे कोई , इस बार l चेहरे पर मुस्कान आये l मुबारक  होली त्यौहार ll ————–  

चाह

यदि जो चाहे, वो आसानी से मिल जाये l तो पत्थर रुपी भगवान यूँ पूजा ना जाये ll और यदि इंसान, जीवन में कुछ ना चाहे l तो इंसान, इंसान नहीं भगवान बन जाये ll हर किसी की कोई  ना कोई चाह  होती है l क्योकि जहाँ चाह होती है वहीँ राह होती है ll राह के मिलने से मंज़िले नज़र आ जाती है l मेहनत करने से हर चाह पूरी हो जाती है ll चाह हो ऐसी,  जो दूजे को भी ख़ुशी दे पाए l चाह की चाहत में ना गलत  कदम उठाये ll चाह हमें जिंदगी में आगे Continue reading चाह

शांति ! ॐ शांति !!

शांति ! ॐ शांति !! किसी रोते हुए चेहरे को  हँसा कर तो देखो l किसी भूखे को खाना खिला  कर तो  देखो ll किसी  बेसहारे को  गले  लगाकर तो  देखो l किसी भटके हुए को राह दिखाकर तो देखो ll वो मिल जायेगा जिसके लिए  भटकते हो l वो मिल जायेगा जिसके  लिए तड़पते  हो ll वो मिल जायेगा जिसकी कामना करते हो l वो मिल जायेगा जिसकी साधना करते हो ll आखिर वो क्या है  जिसकी  हर को चाह है l जिसके बिना जिंदगी एक नरक सी राह है ll उसके बिना तो जिंदगी में रहती है अशांति Continue reading शांति ! ॐ शांति !!

वैलेंटाइन

वैलेंटाइन हर साल 14th  फरवरी जो दिवस आता है l प्यार भरा ये दिवस वैलेंटाइन कहलाता है ll प्रेम व  स्नेह  की  बारिश ये लेकर आता हैl हर कोई, किसी का वैलेंटाइन कहलाता है ll किसी  ना  किसी  का  कोई खास होता है l जिससे मिलकर मन नहीं उदास होता  है ll इस प्यार का अलग-अलग अंदाज होता है l कही आदर कही दिल का आगाज़ होता है ll कही बच्चों के लिए माँ- बाप वैलेंटाइन है l कही  शिष्यों  के लिए  गुरु वैलेंटाइन  है ll कही प्रेमी एक दूजे के लिए  वैलेंटाइन है l हर कोई ना कोई किसी Continue reading वैलेंटाइन

एक सच्चाई

एक सच्चाई जो दिखता है वो होता नहीं l जो होता है वो दिखता नहीं ll सच भी किसी से छुपा  नहीं l सच के आगे झूठ टिका नहीं ll जो आयेगा एक दिन जायेगा l जो जायेगा फिर वो आयेगा ll विधाता ने लिखा  है ये लेख l इसे कोई नहीं मिटा पायेगा ll आत्मा में परमात्मा समाई हैl पत्थर में ईश्वर की परछाई है ll कर्मो का फल जरूर मिलता है l यही जीवन की एक सच्चाई है ll जो  जैसा  करता  है,  वैसा पाता है l स्वर्ग, नरक यही भोग कर जाता हैll समय  है,  अच्छे कर्म Continue reading एक सच्चाई

इंसान की कीमत

इंसान की कीमत यहाँ  इंसान को  नहीं, पैसे को पूजा जाता है l पैसों से  ही यहाँ  इंसान  को  आक़ा जाता है ll बिन पैसों के इंसान की कीमत कुछ भी नहीं l जीता है जिंदगी पर घुट – घुट के ज़ी पाता हैll यहाँ इंसान को  नहीं पत्थर  को पूजा जाता है l भूखे को नहीं पत्थर को भोग लगाया जाता है ll जहाँ गरीब की  शादी  में देने में हाथ खिंचते है l वही पत्थर पर पैसे और जेवर चढ़ाया जाता है ll यहाँ पालतू कुत्ते को ज्यादा प्यार किया जाता है l इंसान से  ज्यादा कुत्ते  से Continue reading इंसान की कीमत

परिश्रम -सफलता की कुँजी

परिश्रम -सफलता की कुँजी सपने  तभी  पूरे हो पाते है l जब परिश्रम किये जाते है ll बिन परिश्रम कोई भी इंसा l सफल कभी नहीं हो पाते हैll एक   नन्ही  सी  चींटी  कैसे l दाना – दाना  करके  लाती  हैll थक  जाये  पर  हार  ना  माने l परिश्रम हमें करना सिखाती है ll ची – ची  करती  चिड़िया रानी l तिनके जोड़ खोसला बनाती है ll हवा में तिनके बिखर भी जाये l फिर कोशिश करना सिखाती है ll आलस  से  ना  हो  पूरे  सपने l सपने ,  सपने  ही  रह जायेंगे ll परिश्रम है सफलता की कुंजी Continue reading परिश्रम -सफलता की कुँजी

नववर्ष 2017 की शुभकामनायें

नववर्ष 2017 की शुभकामनायें गया दिसम्बर आया जनवरी लेकर नया साल l हम वो गलती सुधारे जो हुई थी पिछले साल ll बदली तारीख,बदला महीना, फिर बदला साल l डिजिटल इंडिया अपनाये बदलेगा देश का हाल ll हर नए पल के साथ हम कुछ नया कर दिखाए l ईर्ष्या ,बैर भुलाकर सबको प्यार से गले लगाए ll नए साल की खुशियाँ हममें नई उमंग जगाती है l मेहनत व ईमानदारी से आगे बढ़ना सिखाती है ll बीते वर्ष सुखः दुःख के भवर में नैय्या डगमगाई l भूल जाओ पुरानी बातें अब नई सोच जगमगाई ll माना नोटबंदी से  आम जनता Continue reading नववर्ष 2017 की शुभकामनायें

तुझे अंबे कहू या दुर्गा

तुझे अंबे कहू या दुर्गा तुझे अंबे कहू या दुर्गा, तू काली है या महामाया l दुःख दूर करो महारानी , मैं तेरे ही दर पे आया ll तुझे अंबे कहू या दुर्गा, तू काली …………………….. मुझे दुःख ने आज है घेरा ,मेरे चारों तरफ अँधेरा l मेरी  नैय्या  पार लगा दो ,  मैं बच्चा हूँ माँ तेरा ll तू  संकट  हरने  वाली , मेरी जगदंबे  महामाया l दुःख दूर करो महारानी , मैं तेरे ही दर पे आया ll तुझे अंबे कहू या दुर्गा, तू काली ………………… तेरा भक्त्त हूँ मैं महारानी,मुझे अपनी शरण में ले लें l मेरा Continue reading तुझे अंबे कहू या दुर्गा

मोदी जी की नोटबंदी

मोदी जी की नोटबंदी , ने सब अरमा तोड़ दिए l अब क्या होगा,कैसे होगा , सोचकर अब हम रो दिए ll मोदी जी की नोटबंदी , ने सब अरमा तोड़ दिए l गाड़ी भी होती,बंगला भी होता, नोटों भरा एक गल्ला भी होता l लेकिन यदि पहले पता होता ll तेरे लिए मैं गहने बनवाता , तुझको किसी होटल भी ले जाता l अगर मोदी नोट बंदी ना लाता ll नोटबंदी ने उन नोटों को , काग़ज मैं बदल कर रख दिए ll मोदी जी की नोटबंदी , ने सब अरमा तोड़ दिए l अब क्या होगा,कैसे होगा , सोचकर अब हम Continue reading मोदी जी की नोटबंदी

बेटी की विदाई

बेटी की विदाई बेटियां  होती है पराई l छोड़ हमें चली जाएगी l जाते-जाते आँखों में वो l आंसू फिर दे जाएगी ll लाड़ो मेरी हुई पराई l छोड़ हमें चली जाएगी l जाते-जाते उसकी यादें l याद हमें फिर आएँगी ll बेटिया होती है पराई l छोड़ हमें चली जाएगी l बेटियां, बाबुल के घर में l सदा नहीं रह पाएगी l एक दिन वो भी ….. हमको छोड़कर पिया संग चली जाएगी ll लाड़ो मेरी हुई पराई l छोड़ हमें चली जाएगी l जाते-जाते आँखों में वो l आंसू फिर दे जाएगी ll बेटिया होती है पराई l Continue reading बेटी की विदाई

500,1000 रुपए के नोट

500,1000 रुपए के नोट मोदी जी ने टीवी पर ये फरमान सुनाया l 500,1000 रुपए का नोट बंद करवाया ll छुपाया था कभी पत्नी ने पति से जो पैसा l वो भी निकल कर पति के सामने आया ll खबर सुनकर पत्नी, पति पर यू चिल्लाई l कहा था क्यों नहीं पहले अंगूठी दिलाई ll अब अपने इन नोटों की माला बनाना l म्यूजियम में रखकर धुप-बत्ती दिखाना ll भिखारी को 500 रु का नोट सरकाया l मेरा हाथ पकड़, वो मुझ पर चिल्लाया ll साहब! वो नोट दे जो कही चल तो पाए l नहीं है,तो मेरे साथ ही Continue reading 500,1000 रुपए के नोट